शुक्रवार, 3 अगस्त 2007

वृक्षों को काटने की अनुमति प्रक्रिया में सुधार

वृक्षों को काटने की अनुमति प्रक्रिया में सुधार

 

मंत्रि परिषद द्वारा धारा-240 एवं 241 के तहत नये नियमों का अनुमोदन

 

भोपाल: दो अगस्त 2007

 

मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में आज हुई मंत्रि-परिषद की बैठक में मध्यप्रदेश भू- राजस्व संहिता 1959 की धारा- 240 और 241 के अन्तर्गत बने नये नियमों का अनुमोदन किया गया।

इन नियमोका संक्षिप्त नाम क्रमश: मध्यप्रदेश वृक्षों की कटाई का प्रतिषेध या विनियमन नियम-2007 और मध्यप्रदेश शासकीय वनों से लगे हुए ग्रामों में इमारती लकड़ी को काटकर गिराने तथा हटाने का विनियमन नियम-2007 है। इन नियमों के तहत कार्रवाई के लिये संबंधित तहसीलदार के समक्ष आवेदन प्रस्तुत करना होगा।

ज्ञातव्य है कि पंच-ज अभियान में जमीन की समीक्षा के दौरान मध्यप्रदेश भू-राजस्व संहिता, 1959 के अन्तर्गत इमारती वृक्षों को काटने की अनुमति की  की प्रक्रिया में सुधार की आवश्यकता महसूस की गई थी। प्रक्रिया में सुधार हेतु प्रस्ताव प्रस्तुत करने और उस पर कार्यवाही करने के लिये राज्य शासन द्वारा  तत्कालीन प्रमुख सचिव, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग     श्री के.टी. चाको की अध्यक्षता में एक समन्वय समिति का गठन किया गया था। समिति में वन और राजस्व विभाग के प्रमुख सचिव सदस्य थे।

गेल अस्पताल लीज पर नगर पालिका को

मंत्रिपरिषद ने गुना जिले में गैल द्वारा निर्मित 50 विस्तार के अस्पताल  भवन को 30 वर्ष की अवधि के लिए लीज पर नगर पालिका राधौगढ़ विजपुर को दिये जाने का निर्णय लिया है। अस्पताल भवन को मय फर्नीचर एवं उपकरण तथा विभाग द्वारा निर्मित 27 आवासगृहों सहित लीज पर देने का निर्णय लिया गया है।

भारतीय वन (मध्यप्रदेश संशोधन) 2007को मंजूरी

मंत्रिपरिषद ने आज भारतीय वन (मध्यप्रदेश संशोधन) 2007 को भी मंजूरी दी भारतीय वन अधिनियम 1927 एक केन्द्रीय अधिनियम है। चूंकि वन संबंधी विषय संविधान की समवर्ती सूची में आता है अत: राज्य शासन केन्द्र शासन के पूर्व अनुमति प्राप्त कर इस अधिनियम में संशोधन कर सकता है।

राज्य शासन ने अप्रैल 2005 में केन्द्र शासन को इस अधिनियम में संशोधन करने संबंधी प्रस्ताव प्रस्तुत किया था। इन प्रस्तावों में पशुओं को राजसात करने संबंधी प्रावधान भी सम्मिलित किया था। राज्य शासन ने पुन: विचार कर यह निर्णय लिया है कि पूर्व में भेजे गये प्रस्तावों में पशुओं को राजसात करने संबंधी प्रावधान विलोपित कर केन्द्र शासन की सहमति प्राप्त की जावे।

 

कोई टिप्पणी नहीं: