गुरुवार, 27 मार्च 2008

पहसारी से तिघरा के लिये आज से पानी छोड़ा जायेगा

पहसारी से तिघरा के लिये आज से पानी छोड़ा जायेगा

उच्च न्यायालय द्वारा गठित समिति 2 अप्रैल को करेगी मौका मुआयना

ग्वालियर 26 मार्च 2008 । ग्रीष्मकाल दौरान ग्वालियर नगर में निरंतर जल प्रदाय आश्वस्त करने की दिशा में शासन द्वारा किये जा रहे प्रयासों की श्रृंखला में पहसारी से कल 27 मार्च को तिघरा के लिये पानी छोड़ना प्रारंभ कर दिया जायेगा । पहसारी का जल 10 अप्रैल से पूर्व तिघरा पहुंचने लगेगा जिसके परिणामरस्वरूप ग्वालियर नगर को बिना किसी अवरोध के निरंतर जल प्रदाय होता रहेगा । यह जानकारी आज यहां उच्च न्यायालय द्वारा नगर की माकूल पेयजल व्यवस्था आश्वस्त करने की दृष्टि से संभागायुक्त डॉ. कोमल सिंह की अध्यक्षता में बनाई गई समिति की साप्ताहिक समीक्षा बैठक में दी गई । बैठक में पुलिस महानिरीक्षक श्री डी.एस. सेंगर, वन संरक्षक श्री आर.पी. सिन्हा, मुख्य अभियंता लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी श्री एम.एम. शकुनिया, मुख्य अभियंता सिंचाई श्री राजन श्रीवास्तव, आयुक्त नगर निगम डॉ. पवन शर्मा, पुलिस अधीक्षक श्री व्ही.के. सूर्यवंशी, अपर कलेक्टर श्री वेदप्रकाश, अपर आयुक्त श्री अरूण श्रीवास्तव, अपर आयुक्त नगर निगम श्री राजेश बाथम सहित सभी सदस्यगण एवं जल प्रदाय शिकायत निराकरणार्थ संचालित कन्ट्रोल रूमों के प्रभारी एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित थे ।

       समीक्षा बैठक में समिति ने जहां जल प्रदाय व्यवस्था को अधिक चुस्त-दुरूस्त बनाने, जल के दुरूपयोग को रोकने तथा सप्लाई बाल्वों के युक्तियुक्त करने के निर्देश दिये वहीं समिति ने 2 अप्रैल को ककैटो-पहसारी-तिघरा जलमार्ग का मौके पर जाकर मुआयना करने का फैसला किया । समिति के सभी सदस्य जहां आवश्यक होगा वहां पदयात्रा भी करेंगे । जल मार्ग में पानी की चोरी को रोकने के लिये सुरक्षाकर्मी तैनात किये जायेंगे । पुलिस अधीक्षक द्वारा इस कार्य के लिये अतिरिक्त बल की मांग पर इस कार्य के लिये 100 होमगार्ड लगाने का भी निर्णय लिया गया।

       समिति ने नगर की जल व्यवस्था को पुख्ता बनाने की दिशा में 3 अप्रैल को नगरपालिका परिषद की विशेष बैठक आहूत करने पर भी सहमति दी । परिषद् की इस बैठक में समिति महापौर, सभापति तथा पार्षदों से नगर की जल प्रदाय व्यवस्था से जुड़े विविध आयामों पर विचार विमर्श करेगी । बैठक मे जहां जमीनी हकीकत सामने आयेगी वहीं व्यवस्था को बेहतर बनाने की दिशा में भी रचनात्मक सुझाव सामने आ सकेंगे ।

 

कोई टिप्पणी नहीं: